इस कैफे में टॉयलेट में मिलता है खाना, अनोखी है वजह!
आपने अजीबोगरीब थीम पर एक से बढ़कर एक रेस्टोरेंट देखे होंगे लेकिन क्या आपने कभी ऐसा रेस्टोरेंट देखा है जिसका नाम टॉयलेट कैफे हो? नाम ही क्यों, इस रेस्टोरेंट में एक अनोखा फूड कैफे है जिसमें खाना टॉयलेट सीट जैसे बर्तनों में परोसा जाता है। यह रेस्टोरेंट इंडोनेशिया के सेमरांग में स्थित है। कमाल की बात तो ये है कि रेस्टोरेंट की यह थीम किसी फन के लिए नहीं, बल्कि एक खास मुहिम को ध्यान में रखकर तैयार की गई है।
इस कैफे के मालिक बुडी लाकसोनो का कहना है कि वह अपने समाज की खातिर ऐसा कर रहे हैं। लाकसोनो एक डॉक्टर भी हैं। वह चाहते हैं कि उनकी इस मुहिम से इंडोनेशिया में लोगों का ध्यान साफ टॉयलेट्स की ओर जाए। बुडी की शिकायत है कि देश में लगभग ढाई करोड़ घरों में अब भी टॉयलेट नहीं हैं। सफाई की यह कमी लोगों को बीमार रखती है और देश को पीछे ले जाती है।
भारत और इंडोनेशिया जैसे तीसरी दुनिया के देशों में टॉयलेट की अनुपलब्धता एक बड़ी समस्या है। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन के मुताबिक 2014 में इंडोनेशिया में लगभग साढ़े छह करोड़ लोग खुले में शौच जा रहे थे। मुस्लिम बहुल ये देश इस थीम्ड कैफे को बिलकुल पसंद नहीं करता। उनके हिसाब से यह कैफे इस्लामिक लॉ के खिलाफ है। हालांकि की बुडी इस कैफे की सफाई और खाने की गुणवत्ता का खास ध्यान रखते हैं।
इन सड़कों पर होता है रूहानी ताकतोंं से सामना, बंध जाती है इंसानों की घिग्घी!
पश्चिम बंगाल और तमिलानाडु को जोड़ने वाले राज्य मार्ग-49 पर काफी हादसे होते हैं. जब लोगों ने वजह जानने की कोशिश की तो पता चला कि इस चेन्नई से पांडिचेरी के बीच इस सड़क पर सफेद साड़ी पहने औरत घुमती रहती है. इस रास्ते से गुजरने के बाद भी जान बचा पाने वाले ड्राइवरों का कहना है कि औरत दिखने के बाद ऐसा लगता है जैसे रात का तापमान अचानक गिर रहा है और रोड भी सिकुड़ रही है. जब सफेद साड़ी वाली औरत दिखती है, तो रीढ़ की हड्डी के नीचे कंपन महसूस होता है.
देश की राजधानी दिल्ली कंटोनमेंट रोड पर सफेद साड़ी वाली औरत दिखती है. दिल्ली के लोगों के लिए यह रास्ता पहले से ही भूतिया है. यहां से गुजरते वक्त उन्हें डर लगता है, ऐसा उन्होंने कई बार बताया भी है. ऐसा कोई नहीं जो इस रास्ते से गुजरा हो और उसे यह महिला न दिखाई दी हो.
रांची-जमशेदपुर हाइवे देश का एकमात्र ऐसी जगह है जहां हादसे स्वाभाविक कम अस्वाभाविक रूप से ज्यादा होते हैं. लोगों का कहना है कि यहां भूत की वजह से ज्यादा हादसे होते हैं. इस हाईवे को पार करने में लोग इसलिए भी डरते हैं, क्योंकि इसके दोनों कोनों पर मंदिर हैं. ऐसी मान्यता है कि मंदिर में पूजा किए बिना निकलने वाले लोगों को भूत परेशान करते हैं, जिसके नतीजतन हादसे होते हैं. ड्राइवर इस सड़क पर भी सफेद साड़ी पहनी एक लंबी औरत देखने का दावा करते हैं.
मुंबई का मार्वे-मड आइलैंड रोड जितना खूबसूरत है, उस तक पहुंचने का रास्ता उतना ही डरावना. यह रास्ता काफी संकरा है और सुनसान भी. ड्राइवरों ने बताया है कि उन्हें इस रास्ते पर रात में एक शादी का जोड़ा पहने महिला दिखाई देती है, जिसके साथ कुछ डरावनी आवाज़ें भी सुनाई देती हैं.
मुंबई-नासिक हाईवे का कसारा घाट डरावना है, क्योंकि यहां भूत दिखने और अहसास होने के कई किस्से सामने आ चुके हैं. कभी किसी को बिना सिर की बुजुर्ग महिला दिखती है, तो किसी को पेड़ पर बैठा हुआ बुजुर्ग. सड़क के दोनों ओर घने पेड़ होने से रात के वक्त यह रास्ता बेहद डरावना हो जाता है.
मुंबई-गोआ हाईवे पर कशेदी घाट का इलाका भी काफी डरावना है. यहां अब सैकड़ों हादसे हुए हैं और कई लोगों ने अपनी जान गंवाई है. ट्रक का गिरना, बस पलट जाना और लोगों की मौत होना आम हो गया है. जो लोग जिंदा बच गए या किसी तरह बच कर निकल गए, वे बताते हैं कि रात के वक्त चलती गाड़ी के सामने अचानक एक व्यक्ति आ जाता है और गाड़ी रोकने का इशारा करता है, जिससे संतुलन बनाए रखना काफी मुश्किल हो जाता है. जो ड्राइवर नहीं रुकते उनका दुर्घटना हो जाता है.
सत्यमंगलम वाइल्ड लाइफ सेंचुरी कॉरीडोर फारेस्ट रिजर्व से गुजरने वालों को कभी मशहूर चंदन तस्कर वीरप्पन का डर सताता था, लेकिन अब डरावनी आवाज़ें, अनजान परछाइयां और डरावनी रोशनी उन्हें परेशान करती है. यहां से गुजरने वाले इस भूतिया अहसास से कांप जाते हैं. कुछ तो ये भी कहते हैं कि इस रास्ते पर वीरप्पन का भूत है.
चेन्नई के ब्लू क्रास रोड पर अचानक खुदकुशी करने की घटनाएं बढ़ गई हैं. लोगों का कहना है कि यहां आत्महत्या करने वालों की आत्माएं घूमती हैं. अंधेरा होने पर लोगों ने अनजानी सफेद आकृति दिखने की बात बताई है, जो काफी दूर तक उनके साथ चलती है.
महिला के पेट से निकला एक फीट लंबा बेलन, डॉक्टर भी हैरान!
हल्द्वानी। उत्तराखंड में हल्द्वानी स्थित सरकारी मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों ने ऑपरेशन कर एक महिला के पेट से 30 सेंटीमीटर (एक फीट) लंबा रोटी बनाने वाला लकड़ी का बेलन निकाला है। महिला जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही है। उत्तराखंड के नैनीताल जिले में हल्द्वानी स्थित सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज के सर्जरी विभाग प्रमुख डॉ केएस शाही ने महिला की पहचान गुप्त रखने की शर्त पर बताया कि नेपाली मूल की इस महिला के साथ यौन हमले का मामला लगता है। मामला संदिग्ध होने के कारण पुलिस को जानकारी दे दी गई है।
डॉ. शाही ने बताया कि तीन दिन पूर्व 40 वर्षीय महिला को पेट में दर्द की शिकायत के कारण भर्ती कराया गया था, लेकिन एक्स-रे व अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट के अनुसार बड़ी आंत में गैस से भरी हुई थी। जब महिला का पेट खोला गया तो डॉक्टरों का दल हैरान रह गया। डॉ. शाही ने बताया कि महिला अभी जिंदगी-मौत से जूझ रही है,
उन्होंने बताया कि एक फीट लंबा बेलन किसी के पेट से निकालने की घटना सम्भवत: मेडिकल साइंस में यह पहली घटना है। महिला किराए के मकान में हल्द्वानी में ही अपने पति के साथ रहती है।
महिला की सोनोग्राफी करने पर पता चला, पेट में पल रहे थे 150 केंचुए
उत्तर प्रदेश के चंदौली जनपद में डॉक्टरों ने महीनों से दर्द से जूझ रही महिला का चार घंटे तक ऑपरेशन कर उसके पेट से करीब 150 केंचुए निकाले. महिला अब स्वस्थ है !
मुगलसराय जिले की नई बस्ती निवासी दिलशाद अहमद की पत्नी नेहा बेगम के पेट में गुरुवार को अचानक दर्द उठा. इसके बाद परिजनों ने तत्काल नेहा को केजी नंदा अस्पताल में भर्ती कराया.
अस्पताल में डॉक्टरों ने दर्द का कारण जानने के लिए महिला के पेट का अल्ट्रासाउंड करवाया. रिपोर्ट आने पर पता चला कि उसकी आंत में सैकड़ों केंचुए फंसे हैं.
दो दिन बाद शनिवार को चिकित्सकों ने चार घंटे तक चले ऑपरेशन में कुल 150 केंचुए महिला के पेट से बाहर निकाले.










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